संसाधनों की कमी नहीं रोक सकी किसान पुत्र रमन की उड़ान,दूरस्थ आदिवासी अंचल के छात्र ने बिना कोचिंग सेल्फ स्टडी से नीट परीक्षा में पाई सफलता

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रायपुर, 29 जुलाई 2026/ छत्तीसगढ़ के दूरस्थ आदिवासी अंचल से एक ऐसी प्रेरक कहानी सामने आई है, जिसने यह साबित कर दिया कि संसाधनों की कमी कभी भी बड़े सपनों की उड़ान को नहीं रोक सकती। बलरामपुर जिले के शंकरगढ़ विकासखंड के ग्राम उदरसई निवासी किसान पुत्र रमन कुमार ने बिना किसी कोचिंग के केवल सेल्फ स्टडी के दम पर वर्ष 2026 की नीट परीक्षा में सफलता हासिल कर पूरे प्रदेश का गौरव बढ़ाया है।

एक साधारण कृषक परिवार से आने वाले रमन ने एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय, कुसमी में अध्ययन करते हुए कठिन आर्थिक परिस्थितियों के बावजूद अपने लक्ष्य से कभी समझौता नहीं किया। उनकी इस उपलब्धि पर कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी ने कलेक्ट्रेट में उन्हें सम्मानित कर उपहार भेंट किया तथा उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।

*खेती-किसानी करने वाले परिवार का बेटा बना गांव का पहला नीट सफल छात्र*

रमन के माता-पिता खेती-किसानी कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। आर्थिक रूप से कमजोर परिवार से होने के बावजूद उन्होंने अपनी पढ़ाई जारी रखी और कक्षा 6वीं से ही एकलव्य विद्यालय में अध्ययन करते हुए नियमित मेहनत की। उन्होंने किसी भी निजी कोचिंग संस्थान का सहारा नहीं लिया, बल्कि नियमित अध्ययन, अनुशासित दिनचर्या और आत्मविश्वास को अपनी सफलता का आधार बनाया।

रमन के पिता श्री राजेश कुमार ने बताया कि उनके गांव से नीट परीक्षा में सफल होने वाले रमन पहले छात्र हैं। बेटे की उपलब्धि से पूरे गांव में उत्साह और गर्व का माहौल है। उन्होंने इस सफलता का श्रेय रमन की मेहनत, शिक्षकों के मार्गदर्शन और परिवार के सहयोग को दिया।

सम्मान समारोह के दौरान रमन ने विद्यार्थियों से कहा कि सफलता के लिए महंगी कोचिंग नहीं, बल्कि स्पष्ट लक्ष्य, सही रणनीति, नियमित अध्ययन और स्वयं पर विश्वास सबसे अधिक जरूरी है। उन्होंने युवाओं से समय का सदुपयोग करने, कठिन परिस्थितियों से घबराने के बजाय उन्हें अपनी ताकत बनाने और पूरी लगन के साथ अपने सपनों को साकार करने का आह्वान किया।

रमन कुमार की यह सफलता केवल एक छात्र की व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ के ग्रामीण और आदिवासी अंचलों में छिपी प्रतिभाओं की क्षमता का सशक्त प्रमाण है। उनकी कहानी आज प्रदेश के हजारों विद्यार्थियों को यह विश्वास दिला रही है कि सच्ची मेहनत और दृढ़ संकल्प से हर सपना संभव है।

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